Ad Code

Jayanta Mahapatra | Biography in Hindi

जयंत महापात्रा

Jayant Mahapatra Biography in Hindi
Jayant Mahapatra 

 
जयंत महापात्रा (Jayant Mahapatra) का जन्म, वर्ष 1928 में, ओड़िशा के कटक में, एक प्रतिष्ठित ईसाई परिवार में हुआ था. इनकी प्रारम्भिक शिक्षा कटक के ही Stewart School से हुई. इसके बाद, इन्होंने पटना विश्वविद्यालय, बिहार, से भौतिक शास्त्र से स्नातकोत्तर की शिक्षा हासिल की. इसके बाद इन्होंने, वर्ष 1949 से, भौतिक शास्त्र के एक व्याख्याता (lecturer) के तौर पर ओड़िशा के कई सरकारी महाविद्यालयों में अपनी सेवायें दीं; जिनमें से कुछ प्रमुख नाम हैं: Ravenshaw College (अब, Ravenshaw University), Cuttack; B. J. B. College, Bhuvaneshvar; Fakir Mohan College, Balasore; Gangadhar Meher College, Sambalpur. ये, वर्ष 1986 में, Ravenshaw College में भौतिक शास्त्र के रीडर (Reader) के पद से सेवा-निवृत्त हुये. ये वर्ष 1970 से मौजूदा समय तक लेखन में सक्रिय भूमिका अदा कर रहे हैं.

जयंत महापात्रा ने, ओड़िया तथा भारतीय अंग्रेज़ी भाषाओं में, गद्य तथा काव्य के क्षेत्र में कई महत्त्वपूर्ण कार्य किये हैं. इन्होंने बीसवीं सदी के साठ के दशक में लिखना शुरू किया था. शुरुआती दौर में, इनकी लघु कथाओं तथा कविताओं को, कई प्रकाशकों ने सिरे से नकार दिया था. अंतराष्ट्रीय साहित्यिक पत्रिकाओं में इनकी कविताओं के छपने के बाद इन्हें पहचान मिली. इन्हें Iowa के International Writing Program में भाग लेने हेतु आमन्त्रित किया गया, जिसके बाद, इन्हें एक अंतराष्ट्रीय पहचान हासिल हुई. साल 1981में ये अपनी पुस्तक “Relationships” के लिये साहित्य अकादमी पुरस्कार भी प्राप्त कर चुके हैं. अंग्रेज़ी कविता के लिये साहित्य अकादमी पुरस्कार प्राप्त करने वाले ये पहले भारतीय कवि हैं. वर्ष 2009 में भारत सरकार ने इन्हें ‘पद्म श्री’ से सम्मानित किया; जिसे साल 2014 में, नयी सरकार के आते ही, इन्होंने, वर्ष 2015 में, असहिष्णुता के विरोध में लौटा दिया. 

आधुनिक भारतीय अंग्रेज़ी साहित्य (Modern Indian English Literature) के लिये इन्होंने Indian Summer तथा Hunger जैसी उच्च-स्तरीय कविताओं की रचनायें की हैं. भारतीय अंग्रेज़ी कविता को स्थापित करने वाली तिकड़ी (trio) में एक नाम जयंत महापात्रा का भी है. कन्नड़ तथा अंग्रेज़ी भाषा के साहित्यकार A. K. Ramanujan से इनकी गाढ़ी छनती थी. जयंत महापात्रा, ए. के. रामानुजन के साथ मिलकर, आर. पार्थसारथी (R. Parthasarathy) इस तिकड़ी को पूर्ण करते हैं. जयंत महापात्रा ने, गुजरते वक़्त के साथ, समकालीन कवियों से अलग अपनी कविताओं में, धैर्य तथा प्रशांति का स्वर प्रस्फुटित कर, भारतीय अंग्रेज़ी कविता के क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान स्थापित की.

जयंत महापात्रा ने सत्ताईस कविताओं की पुस्तकें लिखी हैं, जिनमें से सात ओड़िया भाषा में हैं, और, बाक़ी अंग्रेज़ी में हैं. इनके द्वारा लिखे काव्यखण्डों में Relationship, Shadow Space, तथा Bareface जैसी पुस्तकें हैं. कविता के अलावा, इन्होंने, गद्य के भी कई रूपों के साथ प्रयोग किये हैं. इनकी गद्य की प्रकाशित पुस्तकों में से हैं : लघु कथाओं का एक संग्रह, Green Gardener, तथा Door of Paper : Essay and Memoirs. जयंत महापात्रा, एक प्रतिष्ठित सम्पादक के रूप में, एक साहित्यिक पत्रिका Chandrabhaga निकालते रहे हैं. इनकी कविताएँ, Hidden Book Press, Canada द्वारा प्रकाशित Dance of the Peacock : An Anthology of English Poetry from India जैसे प्रतिष्ठित काव्य-संग्रह में प्रकाशित हुई हैं.

जयंत महापात्रा ने ओड़िया से अंग्रेज़ी में अनुवाद का कार्य भी किया है. इनके कुछ अनुवाद एक द्वैमासिक साहित्यिक पत्रिका Indian Literature में प्रकाशित हुये हैं. इनके कुछ अनुवादों के संग्रह भी प्रकाशित हो चुके हैं. 

वर्ष 2006 में, उत्कल विश्वविद्यालय, ओड़िशा ने इन्हें डी. लिट. (D. Lit.) की डिग्री देकर सम्मानित किया. वर्ष 2009 में इन्हें ‘पद्म श्री’ के अलावा भी कई सम्मान मिले, जिनमें से कुछ हैं — शिकागो की Poetry पत्रिका द्वारा जेकब ग्लैटस्टीन स्मृति पुरस्कार (Jacob Glatstein memorial award), The Sewanee Review द्वारा Allen Tate Poetry Prize, SAARC Literary Award, तथा Ravenshaw University द्वारा डॉक्टरेट की मानद उपाधि (honorary doctorate). 

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Close Menu